मुख्य बातें:
• नेत्रहीन क्रिकेट टीम ने पिछले शनिवार को लगातार तीसरी बार नेत्रहीनों के लिए टी20 विश्व कप जीता
• युवा कार्यक्रम और खेल राज्य मंत्री श्री निशीथ प्रमाणिक भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए
केंद्रीय युवा कार्यक्रम और खेल मंत्री श्री अनुराग सिंह ठाकुर ने सोमवार को राष्ट्रीय राजधानी में भारतीय नेत्रहीन क्रिकेट टीम के आगमन के बाद उन्हें सम्मानित किया। इस टीम ने पिछले शनिवार को चिन्नास्वामी स्टेडियम, बेंगलुरु में बांग्लादेश को हराकर लगातार तीसरी बार नेत्रहीनों के लिए टी20 विश्व कप जीता।

केंद्रीय मंत्री के साथ युवा कार्यक्रम और खेल राज्य मंत्री श्री निशीथ प्रमाणिक, नेत्रहीन क्रिकेट एसोसिएशन (सीएबीआई) के अध्यक्ष श्री महंतेश जीके के साथ-साथ युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय के खेल विभाग, सीएबीआई और भारतीय खेल प्राधिकरण के अन्य गणमान्य व्यक्ति शामिल हुए।
सभा को संबोधित करते हुए, श्री अनुराग ठाकुर ने कहा, “प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में सरकार का यह प्रयास रहा है कि हमारे सभी एथलीटों, विशेष रूप से हमारे दिव्यांग एथलीटों को सर्वश्रेष्ठ समर्थन प्रदान किया जाए। मैं टीम के सभी सदस्यों को और भी अधिक समर्थन देने और उनके रास्ते में आने वाली विभिन्न चुनौतियों का समाधान करने का आश्वासन देता हूं।”

नेत्रहीन क्रिकेट टीम के परिवार के सदस्यों के समर्थन की सराहना करते हुए, केंद्रीय मंत्री ने कहा, “खिलाड़ियों से जुड़े सभी परिवार के सदस्यों ने भारी समर्थन दिया है। परिवारों का समर्थन नहीं होता, तो अधिकांश खिलाड़ी भारतीय टीम के लिए ऐसा नहीं कर पाते।”
भारतीय नेत्रहीन क्रिकेट टीम के कप्तान श्री अजय कुमार रेड्डी की टीम ने शनिवार को फाइनल में बांग्लादेश को 120 रनों से हराया। उन्होंने कहा, “केंद्रीय खेल मंत्रालय से लगातार समर्थन हमें और अधिक इरादे के साथ प्रदर्शन करने के लिए प्रोत्साहित करता है। जीत के पीछे जबरदस्त मेहनत है और बहुत सारी बाधाएं। हालांकि, मैदान पर जाने के बाद, हम अपने भारतीय ध्वज के अलावा किसी और चीज के बारे में नहीं सोचते हैं। अपनी बाधाओं के बारे में भी नहीं। हमने अभी 5 विश्व कप जीते हैं और हमें और अधिक जीतने का भरोसा है।”
टी20 विश्व कप 2022 जीतने वाली भारतीय राष्ट्रीय नेत्रहीन क्रिकेट टीम में 10 राज्यों के 17 खिलाड़ी शामिल थे। इनमें बी1 वर्ग के 6 खिलाड़ी (पूर्ण दृष्टिहीन), बी2 वर्ग के 5 खिलाड़ी (आंशिक दृष्टिहीन) और बी3 वर्ग के 6 खिलाड़ी (6 मीटर तक दृष्टि) हैं। भारतीय टीम ने 2012 और 2017 में पाकिस्तान को टी20 विश्व कप खिताब के लिए हराया था।
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भारतीय स्वरुप दैनिक ई-पेपर
कानपुर १८अगस्त भारतीय स्वरूप संवाददाता, मानस संगम, शिवाला कानपुर के ५४ वें वार्षिक समारोह में केरल के राज्यपाल आरिफ़ मोहम्मद खान के द्वारा गज़ल गायक प्रदीप श्रीवास्तव को “कानपुर गौरव २०२२” के सम्मान से नवाज़ा गया ! सम्मान प्राप्ति के बाद प्रदीप ने कहा ये मेरे पीर का करम, मेरी माँ का आशीर्वाद और आप सब की दुआएं और श्रद्धेय श्री बद्री नारायण तिवारी जी, श्री मुकुल तिवारी जी और श्री अभिनव तिवारी जी, श्री प्रदीप दीक्षित (उत्कर्ष अकादमी) के असीम प्यार और आशीर्वाद की वज़ह से संभव हो सका !
रिश्तो की बाज़ियाँ चलती रही… तुम जीतते रहे और मैं हारती रही ….मगर अफ़सोस नहीं था मुझे इस हार का..जितनी बार मै हारती गई, भीतर से जीत का अहसास होता चला गया।”
स्वस्थ्य जीवन में दौड़ की महत्ता बताने हेतु मालवा मैराथन का आयोजन
कानपुर 13 दिसंबर भारतीय स्वरूप संवाददाता, एसएन सेन बालिका विद्यालय पीजी कॉलेज कानपुर में विविधा 2022 के अंतर्गत अंतर विभागीय प्रतियोगिताएं तीन विभागों द्वारा आयोजित की गई। संगीत विभाग द्वारा सुगम संगीत एवं मॉडल प्रतियोगिता डॉ सुनीता दिवेदी प्रोफेसर जुहारी देवी डिग्री कॉलेज द्वारा” समाज में बढ़ते मनो विकारों” के निवारण में संगीत की भूमिका पर व्याख्यान
अंग्रेजी विभाग द्वारा” कॉसस एंड प्रीवेंशन कम्युनिकेबल डिसीसिस” तथा हिंदी विभाग द्वारा “स्वच्छ नागरिक स्वच्छ भारत “विषय पर निबंध प्रतियोगिता आयोजित की गई
कार्यक्रम का प्रारंभ मुख्य अतिथि प्रोफेसर सुनीता दि्वेदी प्रबंध तंत्र सचिव पी के सेन सदस्य दीपाश्री मैम तथा महाविद्यालय की प्राचार्य प्रोफेसर सुमन द्वारा मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण तथा दीप प्रज्वलन द्वारा किया गया। संगीत विभागाध्यक्ष डॉ ममता अग्रवाल सुषमा बाजपेई गुलशन मोगा हिंदी विभागाध्यक्ष रचना शर्मा डॉ शोभा बाजपेई, रेशमा, अंग्रेजी विभागाध्यक्ष प्रोफेसर अल्का टंडन डॉ पूजा गुप्ता डॉ कोमल सरोज ने कार्यक्रम को सफल बनाने में अपनी भूमिका निभाई प्रतियोगिता में विजेता छात्राओं के नाम निम्न वत है माडल प्रतियोगिता मे प्रथम स्थान सुरभि वर्मा, द्वितीय स्थान ,नेहा ,संध्या शर्मा, तृतीय स्थान अदिति दीक्षित और निधि ने प्राप्त किया।अंग्रेजी निबंध मे वैष्णवी मिश्रा,अनुष्का सिंह प्रथम, द्वितीय स्थान आर्ची वर्मा, तृतीय स्थान सुमैय्या नफीज ने प्राप्त किया। हिंदी निबंध मे प्रथम खुशी दि्वेदी,द्वितीय स्थान शिवांगी शुक्ला, तृतीय स्थान रजनेश यादव ने प्राप्त किया।

ऐसा कहने सुनने में आता है कि अब जो अपराध होते हैं वह सोशल मीडिया की वजह से जल्दी सामने आ जाते हैं। अपराध पहले भी होते थे लेकिन खबरों में नहीं आ पाते थे और जब तक समाचार पत्रों के जरिए सामने आते थे तब तक मामला पुराना हो जाता था। वैसे यह सही भी है सोशल मीडिया की वजह से अपराध जल्दी ही लोगों के सामने आ जाता है लेकिन यदि महिला अपराध के आंकड़ों पर गौर किया जाए तो इन आंकड़ों में बढ़ोतरी ही हुई है और लगातार बढ़ते जा रहे हैं और महिला अपराध समाज में दहशत फैलाने का कार्य कर रहे हैं। हमारे समाज में घरेलू हिंसा, दुष्कर्म, लव जिहाद और एसिड अटैक जैसे मामले बहुत तेजी से उभर रहे हैं। आखिर क्या कारण है कि इस तरह के अपराध बढ़ रहे हैं? यदि ध्यान दिया जाये तो सबसे बड़ी वजह तो सोशल मीडिया ही है जहां अश्लीलता को बुरी तरह से परोसा जा रहा है और जिसे बड़ों से लेकर बच्चे तक उस अश्लीलता को देखते और पोसते आ रहे हैं। महिलाएं, लड़कियां अजीबोगरीब कपड़े पहनकर, बेहूदा अंग संचालन करके वीडियो पोस्ट कर रही हैं। छोटे-छोटे बच्चे भी जिन्हें ठीक से बात करनी भी नहीं आती जिनकी उम्र खेलने और पढ़ने की है वह भी कमर मटका कर ऊलजलूल हरकतें करते दिख जाएंगे और उनकी ऐसी हरकतों पर माता-पिता बड़े गौरवान्वित होते हैं। उनके लिए उनका बच्चा स्टार से कम नहीं होता। इन्हीं रील्स वीडियो पर ही लोगों के भद्दे कमेंट भी पढ़ने को मिल जाते हैं। मतलब यह कि महिला और पुरुष दोनों का ही ओछापन दिखाई देता है। आज सबसे बड़ी समस्या सोशल मीडिया पर बनने वाली रील्स, वीडियो है जिस पर सख्त नियम लागू होने चाहिए। सभ्य घर की महिलाएं भी इससे अछूती नहीं रह गई हैं और कुछ स्त्रियों ने तो बेहूदेपन की हदें पार कर दी है।