अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध परिसंघ बिहार के नालंदा में नव नालंदा महाविहार के सहयोग से गुरु पद्मसंभव के जीवन और उनके जीवंत विरासत पर 28 और 29 अगस्त, 2024 को दो दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन करेगा। गुरु रिनपोछे नाम से भी प्रसिद्ध गुरु पद्मसंभव आठवीं शताब्दी में प्राचीन भारत में रहते थे। बुद्ध धम्म में आज सबसे सम्मानित लोगों में से एक गुरु पद्मसंभव को हिमालय क्षेत्र में बुद्ध धम्म के प्रसार का श्रेय दिया जाता है।
बिहार के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर मुख्य अतिथि के रूप में इस कार्यक्रम की शोभा बढ़ाएंगे। लुंबिनी डेवलपमेंट ट्रस्ट, नेपाल के उपाध्यक्ष परम श्रद्धेय खेनपो चिमेद और रॉयल भूटान मंदिर, सेंट्रल मोनास्टिक बॉडी, भूटान के सचिव/मुख्य भिक्षु खेनपो उगयेन नामग्याल सम्मेलन में सम्मानित अतिथि होंगे। दूसरे बुद्ध के रूप में माने जाने वाले गुरु पद्मसंभव को गुरु रिनपोछे भी कहा जाता है, वे हिमालय के प्रसिद्ध ऋषि रहे जो प्राचीन भारत में आठवीं शताब्दी में रहते थे।
इस सम्मेलन के प्रमुख विषयों में उनका जीवन और शिक्षाएं, हिमालय भर में उनकी यात्राएं और, सबसे खास, वर्तमान समय में उनकी प्रासंगिकता शामिल होगी। गुरु पदमसंभव योगिक और तांत्रिक प्रथाओं से लेकर ध्यान, कला, संगीत, नृत्य, जादू, लोककथाओं और धार्मिक शिक्षाओं तक संस्कृति के कई पहलुओं के एकीकरण का भी प्रतिनिधित्व करते हैं। सम्मेलन में पांडुलिपियों, अवशेषों, चित्रों और स्मारकों के माध्यम से उनकी धम्म विरासत का जश्न मनाने का एक ठोस प्रयास किया जाएगा।
सम्मेलन के प्रमुख विषयों में शामिल हैं:
1. जीवनी संबंधी अंतर्दृष्टि और पौराणिक कथाएं
2. वज्रयान बुद्ध धम्म और तंत्र की शिक्षाएं
3. सांस्कृतिक एवं कलात्मक योगदान
4. यात्राएं और क्षेत्रीय प्रभाव
5. विरासत और समसामयिक प्रासंगिकता
बुद्ध धम्म के मूल सिद्धांतों को फैलाने का प्रयास करते हुए गुरु पदमसंभव ने एक स्थान की विशिष्टताओं और लोगों की संवेदनाओं को समझा। इस प्रकार, उन्होंने अपनी शिक्षाओं को स्थानीय मुहावरे और संस्कृति में ढाला, जिससे आस्था को आत्मसात करना बहुत आसान हो गया। उनके जीवन और समय को याद करते हुए, सम्मेलन में भगवान बुद्ध के उत्कृष्ट संदेश को प्रसारित करने के लिए स्थानीय प्रतीकों और यहां तक कि अनुष्ठानों को माध्यम के रूप में उपयोग कर विभिन्न संस्कृतियों और धार्मिक परंपराओं के साथ उनके तालमेल बिठाने का जो दृष्टिकोण था, उसकी अंतर्दृष्टि मिलने की उम्मीद है।
भारतीय स्वरुप दैनिक ई-पेपर
कानपुर भारतीय स्वरूप संवाददाता, एस एन सेन बी वी पी जी कॉलेज में स्वतंत्रता दिवस समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रबंध तंत्र के अध्यक्ष श्री पीके मिश्रा , संयुक्त सचिव शुभ्रो सेन, प्राचार्य प्रो सुमन ने क्षण्डारोहन किया। संगीत विभाग की छात्राओं ने देश भक्ति गीत प्रस्तुत किया। एनसीसी, एनएसएस ,रोवर्स रेंजर्स के छात्राओं ने संयुक्त मार्च पास्ट प्रस्तुत किया। श्री शुभ्रो सेन ने ऊर्जा पूर्ण भाषण देते हुए सभी को देश प्रेम के प्रति सचेत किया। कैप्टन ममता अग्रवाल ने उच्च शिक्षा अधिकारी द्वारा प्राप्त पत्र का वाचन किया। प्राचार्य सुमन जी ने इस क्षण को गौरवपूर्ण बताते हुए सभी की सहभागिता के लिए धन्यवाद दिया। यह समस्त कार्यक्रम राष्ट्रीय पर्व प्रभारी प्रोफेसर रेखा चौबे के निर्देशन में हुआ। कार्यक्रम का संचालन प्रोफेसर चित्रा सिंह ने किया। जानकारी देते हुए मीडिया प्रसार प्रभारी डॉ प्रीति सिंह ने बताया कार्यक्रम में सभी शिक्षक कर्मचारी और छात्र उपस्थिति रहे।
महाविद्यालय में 78वॉ स्वतंत्रता दिवस धूमधाम से मनाया गया कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि डॉक्टर सुनील कुमार, असिस्टेंट कमिश्नर ,एसजीएसटी, कानपुर द्वारा ध्वजारोहण से हुईं
भारतीय स्वरूप संवाददाता राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई, दयानंद गर्ल्स पीजी कॉलेज, कानपुर के द्वारा स्वतंत्रता दिवस समारोह रंगारंग कार्यक्रमों के साथ मनाया गया। प्राचार्या प्रो वंदना निगम जी ने अपने उद्बोधन में छात्राओं को विकसित भारत के संकल्प को दोहराते हुए “समर्थ युवा सशक्त भारत” से संबंधित उद्बोधन दिया तथा उन्हें देश की तरक्की में हर संभव प्रयास करने के लिए प्रेरित किया। महाविद्यालय की एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी तथा जिला नोडल अधिकारी, कानपुर नगर डॉ संगीता सिरोही ने बताया कि इस अवसर पर छात्राओं ने रंगारंग कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया। जिसमें एन एस एस वॉलिंटियर सिमरन सिद्दीकी ने अपनी दिलकश आवाज में “तेरी मिट्टी में मिल जावां” गीत गया तथा श्रद्धा, सानिया एवं चंचल ने नृत्य प्रस्तुत कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। संगीत विभाग की छात्राओं के द्वारा भी देशभक्ति गान गया गया। उन्होंने बताया कि महाविद्यालय में मेरी माटी मेरा देश – हर घर तिरंगा अभियान 2024 के अंतर्गत विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए जिनमें सेल्फी विद तिरंगा तिरंगा यात्रा, तिरंगा झंडों का वितरण, रैली, भाषण, पोस्टर प्रतियोगिता, रील्स बनाना आदि प्रमुख हैं। संपूर्ण कार्यक्रम को सफल बनाने में सेल्फ फाइनेंस डायरेक्टर प्रोफेसर अर्चना वर्मा, चीफ प्रॉक्टर प्रो अर्चना श्रीवास्तव, प्रो अर्चना दीक्षित, प्रो उपासना वर्मा, प्रो शुभ्रा राजपूत एवम् कार्यालय अधीक्षक श्री कृष्णेंद्र श्रीवास्तव समेत महाविद्यालय की समस्त प्राध्यापिकाओं, शिक्षणेतर कर्मचारियों, एनएसएस वॉलिंटियर्स, एन सी सी कैडेट्स, रोवर रेंजर्स एवम् छात्राओं का विशेष सहयोग रहा।
भारतीय स्वरूप संवाददाता 13 अगस्त 2024 को एस.एन. सेन बालिका विद्यालय पी.जी. कॉलेज में अँग्रेजी विभाग द्वारा श्री अरबिंदो घोष जी के 152 वीँ जयंती पर एक भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय की प्राचार्या प्रोफेसर सुमन, समाजशास्त्र की प्रोफेसर रेखा चौबे, अंग्रेजी विभाग की विभागाध्यक्षा प्रोफेसर अलका टंडन एवं निर्णायक मंडल के रूप में उपस्थित अर्थशास्त्र की विभागाध्यक्षा प्रो निशा वर्मा और संगीत विभाग की कैप्टन ममता अग्रवाल के द्वारा किया गया। 10 प्रतिभागी छात्राओं ने श्री अरविंदो घोष के जीवन परिचय, उनके राष्ट्रीय, राजनीतिक, सामाजिक, साहित्यिक योगदान तथा घोष जी के योगी स्वभाव पर प्रकाश डाला। छात्राओं को संबोधित करते हुए प्राचार्या प्रो सुमन ने कहा कि साहित्यिक विदुषियों से सम्बंधित जयंतियों का आयोजन प्रत्येक वर्ष मनाया जाना चाहिए और उन्होंने इसमें छाआत्रों के अधिकतम सहभागिता पर भी बल दिया। कार्यक्रम का संचालन सहायक आचार्या डाँ कोमल सरोज और डाँ पूजा गुप्ता ने किया। विभागाध्यक्षा प्रो अलका टंडन ने धन्यवाद ज्ञापन किया। मीडिया प्रसार प्रभारी डॉ प्रीति सिंह ने बताया प्रतियोगिता में प्रथम स्थान जान्हवी ओमर, द्वितीय स्थान स्नेहा सिंह और तृतीय स्थान सताक्षी द्विवेदी ने प्राप्त किया। कार्यक्रम में प्रो मीनाक्षी व्यास, डॉ शुभा बाजपेई, डॉ रश्मि गुप्ता एवं डॉक्टर प्रीता अवस्थी उपस्थित रहीं।
भारतीय स्वरूप संवाददाता राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई, दयानंद गर्ल्स पीजी कॉलेज, कानपुर के द्वारा महाविद्यालय की एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी तथा जिला नोडल अधिकारी, कानपुर नगर डॉ संगीता सिरोही के कुशल निर्देशन में मेरी माटी मेरा देश – हर घर तिरंगा अभियान 2024 के अंतर्गत तिरंगा यात्रा रैली निकाली गई। इस रैली के दौरान लगभग 100 छात्राओं ने हिस्सा लिया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि नमामि गंगे विभाग, भाजपा, उत्तर प्रदेश के प्रदेश संयोजक श्री कृष्णा दीक्षित बड़े जी रहे। उनके साथ में अनुसूचित जनजाति मोर्चा के जिला अध्यक्ष श्री अनूप चौधरी व फरहान भी रैली में सम्मिलित हुए। उन्होंने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि स्वतंत्रता दिवस के पावन राष्ट्रीय पर्व पर हम देश के वीर बलिदानी शहीदों को याद करते हुए उनके प्रति अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं। इस तिरंगा यात्रा के दौरान 50 झंडो का वितरण छात्राओं तथा जन- सामान्य को किया गया। सभी न एस एस वॉलंटियर्स ने उत्साह के साथ देशभक्ति के गीत गए, नारे लगाए व झंडे के साथ सेल्फी भी ली जिसे मेरी माटी मेरा देश व युवा पोर्टल पर अपलोड किया गया। संपूर्ण कार्यक्रम को सफल बनाने में एनएसएस वॉलिंटियर्स अंतरा कश्यप , श्रद्धा, सान्या,, सिमरन, बुशरा, इन्नमा, अदिति व चंचल का विशेष सहयोग रहा।
भारतीय स्वरूप संवाददाता, एस एन सेन बालिका विद्यालय पी जी कॉलेज कानपुर द्वारा राष्ट्रीय संस्कृत प्रतिभा खोज का आयोजन किया गया इस प्रतियोगिता में स्नातकोत्तर स्तरीय हिंदी विभाग व संस्कृति विभाग द्वारा संस्कृत युवा गीत संस्कृत भाषण व श्रुत लेखन की प्रतिभागिता छात्राओ से कराई गई इस अवसर पर महाविद्यालय प्रबंधन तंत्र समिति के अध्यक्ष श्री प्रवीण कुमार मिश्रा सचिव श्री प्रोवीर कुमार सेन संयुक्त सचिव श्री शुभ्रो सेन प्राचार्य प्रोफेसर सुमन समाजशास्त्र विभाग अध्यक्ष प्रोफेसर निशि प्रकाश व प्रोफेसर रेखा चौबे ने कार्यक्रम का शुभारंभ किया छात्रों को संबोधित करते हुए प्राचार्य प्रोफेसर सुमन ने कहा की भाषा विभाग उत्तर प्रदेश शासन अधीन उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान लखनऊ द्वारा आयोजित जनपद मंडल तथा राज्य स्तरीय संस्कृत प्रतिभा खोज प्रतिवर्ष आयोजित होती है जिसमें विभिन्न विश्वविद्यालयी महाविद्यालयी छात्र-छात्राएं विभिन्न प्रतियोगिता में प्रतिभाग करते हैं जिसमें संस्कृत भाषा ज्ञान से संबंधित उत्कृष्ट प्रतिभा सामने उभर कर आती है इसी के प्रेरणा स्रोत अब प्रत्येक वर्ष अपने महाविद्यालय में यह प्रतियोगिता आयोजित होगी और उत्कृष्ट प्रतिभागियों को मंडल तथा राज्य स्तरीय परीक्षा में भेजा जाएगा जिसके खर्च का संपूर्ण वहन महाविद्यालय करेगा प्राचार्य जी ने संस्कृत भाषा के संवर्धन हेतु छात्राओं को शुद्ध संस्कृत लेखन शुद्ध गायन व शुद्ध वाचन करने के लिए प्रोत्साहित किया कुलानुशासक प्रोफेसर कप्तान ममता अग्रवाल व हिंदी विभाग अध्यक्ष शुभा वाजपेई ने निर्णायक की भूमिका निभाई